नवेली पावर प्लांट पर मजदूरों को बिना भुगतान किये भाग गई सीडीएन कंपनी, दो वक्त की रोटी को तरस रहे मजदूर।

Kanpur: घाटमपुर पॉवर प्लांट में मजदूरों की भुगतान नहीं, पिछले दो माह से सैकड़ों मजदूर परेशान

डेली जनमत न्यूज। नवेली पावर प्लांट में एक तरफ जहां बीते समय एल एंड टी कंपनी की सहायक सीडीएन कंपनी का मामला शांत भी नही हो पाया था कि वेतन की मांग को लेकर पहले भी हंगामा चल रहा था,कि वही बीते दिन एल एंड टी कंपनी की सहायक आरओसी कंपनी भी काम छोड़कर चली गयी। जिसके चलते कंपनी में काम कर रहे मजदूर अपने व परिवार के भरण पोषण को लेकर मजबूर हो गए है। जिसके चलते उनके चेहरो पर मायूसी बनी हुई है। वही, वेतन की मांग को लेकर मजदूरों ने कंपनी के गेट के बाहर बैठकर हंगामा करना शुरू कर दिया है।

जानिए क्या है पूरा मामला 

घाटमपुर तहसील के सजेती थाना के अंतर्गत लाहुरिमऊ स्थित नवेली पावर प्लांट में पहले भी इरेक्टोस, सीडीएन,एएलटी,एमएसएस व मां शारदे जैसी कई कंपनियां कंपनी में काम कर रहे सैकड़ो मजूदूरों का बिना वेतन दिए रफूचक्कर हो चुकी है, जिसके चलते कभी कभी मजदूरों व उनके परिवार को धूल फांकनी पड़ गयी है,वही अगर मजदूरों की माने तो कंपनी में सैकड़ो मजदूर बाहर से आकर कंपनी में काम करके अपना गुजर बसर कर रहे है। वही वेतन न मिलने के कारण पहले की मजदूरों ने कंपनी में काम बंद करते हुए जमकर हंगामा किया था,बावजूद जिम्मेदार अधिकारी मजदूरों को आश्वाशन के नाम पर खाना पूर्ति करते नज़र आये थे। 

मजदूरों ने बयां किया अपना दर्द

कंपनी में काम कर रहे मजदूरों ने बताया कि वेतन न मिल पाने के कारण पिछले 11 दिनों से हम सभी मजदूरों ने काम बंद कर दिया है। इससे पहले भी कई कंपनियां मजदूरों का वेतन दिए बगैर भाग चुकी है। जिसके चलते कंपनी में काम कर रहे सैकड़ो मजदूर सड़क पर आ गए थे, वही मजदूरों ने बताया कि वेतन न मिल पाने के कारण न ही वह अपने परिवार का भरण पोषण कर पा रहे है, जिसके चलते उनके बच्चों की शिक्षा पर भी प्रभाव पड़ रहा है,मजदूरों ने कंपनी के अधिकारियों पर आरोप लगाते हुए बताया कि कंपनी के भाग जाने के दौरान कंपनी में कांट्रेक्टर के द्वारा उनसे उनका गेट पास ले लिया जाता है,ताकि वह कम्पनी के अंदर किसी भी प्रकार का हंगामा न कर सके ,वही गेट के बाहर जब वह धरना प्रदर्शन करते है तो उनको पुलिस की प्रताड़ना किसी न किसी रूप में सहनी पड़ती है। वही उन्होंने कहा कि वह श्रमिक अधिकारी से अपनी बात को रखते हुए न्याय की गुहार लगाएंगे,अब देखने वाली बात यह है कि क्या इन लाचार व बेबस मजदूरों को इंसाफ मिलेगा या फिर उनको इसी प्रकार से कंपनी द्वारा किये जा रहे शोषण का सामना करना पड़ेगा।

पुलिस ने की कार्रवाई

मामले की जानकारी होने पर सूचना पर पहुचे सजेती थानाध्यक्ष नीरज बाबू ने बताया कि वह मजदूरों की मेहनत का पैसा दिलाने में प्रयासरत है,उन्होंने बताया कि सीडीएन कंपनी के मजदूरों की लिस्ट भी बना लीगई है। उनके भी कंपनी के मजदूरों का वेतन दिलाने की बात अधिकारियो से की गई है।जल्द ही कंपनी में काम कर रहे लोगो की मजदूरी दिलवाई जाएगी, वरना वैधानिक कार्यवाही अमल में लाई जाएगी।

पूरी स्टोरी पढ़िए